शुक्रवार, 21 अक्टूबर 2022

नरवर में दो पर्यटन मित्रों की नियुक्ति: पर्यटन को मिलेगी उड़ान, इसे बढ़ावा देने के लिए मिले 2 पर्यटन मित्र

नरवर के प्रमुख दर्शनीय स्थलों का पूरी ऐतिहासिक तथ्यात्मक जानकारी के साथ भ्रमण कराने के लिए जिला पुरातत्व, पर्यटन एवं संस्कृति परिषद DATCC Shivpuri की ओर से जिला शिवपुरी कलेक्टर श्री अक्षय कुमार सिंह जी द्वारा द्वारा नरवर में दो पर्यटन मित्रों शिवम सिंह परमार और दीपक सिंह परिहार की नियुक्ति की है।

नरवर में नियुक्त हुए दो पर्यटन मित्र Shivam Singh Parmar और Deepak Singh Parihar

नरवर क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने व लोगों को यहां के गौरवशाली इतिहास व धार्मिक महत्व सहित प्राकृतिक सौंदर्य से परिचय कराने के लिए कलेक्टर अक्षय कुमार सिंह ने दो पर्यटन मित्रों की नियुक्ति की है। नरवर क्षेत्र में नियुक्त किए गए पर्यटन मित्रों से अब क्षेत्र में पर्यटन को उड़ान मिलेगी और दूरदराज से आने वाले सैलानियों को नरवर किले, मडीखेड़ा व मोहनी सागर डेम सहित लोढीमाता मंदिर का भ्रमण कर यहां के इतिहास की जानकारी हासिल होगी। कलेक्टर अक्षय कुमार सिंह ने सांसद विवेक शेजवलकर की अनुशंसा पर यह पर्यटन मित्र नियुक्त किए हैं । इसमें शिवम परमार व दीपक सिंह परिहार को डीएटीसी शिवपुरी द्वारा टूरिस्ट गाइड के रूप में चयनित किया गया है।

नल-दमयंती की प्रतिमा के लिए सांसद ने दिए 25 लाख : लेखक धीरज गुप्ता की पुस्तक के विमोचन अवसर पर ग्वालियर सांसद विवेक शेजवलकर ने नरवर क्षेत्र में पर्यटन की अपार संभावनाओं को देखते हुए नल दमयंती की प्रतिमा स्थापित करने के लिए 50 लाख रुपए की राशि दिए जाने की बात कही थी। इस राशि की पहली किस्त 25 लाख रुपए जारी कर दी गई है, इससे अब नरवर में प्रतिमा स्थापित होने का कार्य जल्द शुरू होगा। सांसद के प्रयासों से नरवर में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए पर्यटन मित्रों की नियुक्ति पर नगर परिषद अध्यक्ष पदमा-संदीप माहेश्वरी, सौरभ गौड़, देवेंद्र शर्मा, पवन सिंह बैश, विशाल चौरसिया,  व सभी पर्यटन प्रेमियों द्वारा खुशी जाहिर की गई है।

लेखक व साहित्यकार ने की सांसद थी टूरिस्ट गाइड की मांग:
इतिहास विरासत और प्रकृति का संगम नरवर पुस्तक के लेखक धीरज गुप्ता ने ग्वालियर सांसद विवेक शेजवलकर से बैठकर क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने और यहां के गौरवशाली इतिहास, धार्मिक महत्व एवं असीम प्राकृतिक सौंदर्य को लोगों के बीच प्रस्तुत करने के लिए टूरिस्ट गाइड नियुक्त करने के लिए आग्रह किया था। इस संबंध में सांसद शेजवलकर द्वारा कलेक्टर अक्षय कुमार सिंह से चर्चा की गई। इस पर कलेक्टर अक्षय सिंह द्वारा डीएटीसीसी शिवपुरी के माध्यम से नरवर व आसपास के पर्यटन स्थलों की जानकारी देने के लिए दो पर्यटन मित्र नियुक्त करने के निर्देश दिए। इस पर डीएटीसीसी डिप्टी कलेक्टर शिवांगी अग्रवाल द्वारा सक्रिय सदस्य अरविंद, सौरभ गौड, विशाल चौरसिया तथा धीरज गुप्ता से चर्चा कर पर्यटन मित्रों की नियुक्ति कर दी गई।

कलेक्टर बोले- पर्यटन मित्रों को ओरछा में मिलेगी ट्रेनिंग
कलेक्टर अक्षय कुमार सिंह के मुताबिक नरवर क्षेत्र में पर्यटन उद्योग को बढ़ावा देने के लिए नियुक्त किए गए पर्यटन मित्रों को ट्रेनिंग के लिए ओरछा व कूनो भेजा जाएगा। इसके साथ ही डीएटीसी की वेबसाइट, सोशल मीडिया व अन्य माध्यमों से पर्यटन मित्रों के नाम एवं नंबर प्रसारित किए जाएंगे। इससे जो भी पर्यटक नरवर आएगा, वह नरवर के गौरवशाली इतिहास धार्मिक महत्व व नरवर किले पर बनी अभिनेता रजनीकांत, जीनत अमान व राकेश रोशन की नरवर क्षेत्र में ही फिल्माई गई मूवी डाकू हसीना के संबंध में जानकारी मिल सकेगी।
(साभारः दैनिक भास्कर)

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गुरुवार, 20 अक्टूबर 2022

दीवाली पर सिर्फ गुजरात नहीं, पूरा भारत आएगा जैसलमेर राजस्थान

जैसलमेर. स्वर्णनगरी में पर्यटन के लिहाज से सबसे ज्यादा मुफीद माना जाने वाला दिवाली पर्व अब चंद दिन दूर है।
इस मौके पर आमतौर पर गुजराती सैलानियों की धूम जैसलमेर से लेकर सम-खुहड़ी के रेगिस्तान तक बिखरी रहती है। जाहिर है, इस बार भी पर्यटन व्यवसायी पड़ोसी राज्य गुजरात के अहमदाबाद, सूरत, बड़ौदा तथा अन्य शहरों से सैलानियों की आमद को लेकर आशान्वित हैं। इस बीच यह ट्रेंड उभरकर सामने आ रहा है कि दिवाली के मौके पर केवल गुजराती ही नहीं बल्कि देश के सुदूर दक्षिणी राज्यों तक से पर्यटक घूमने के लिए जैसलमेर पहुंचेंगे। दिवाली के अगले दिन से शहर के लगभग सभी तीन और चार सितारा होटलों से लेकर अन्य अच्छी श्रेणी की होटलों में प्री-बुकिंग फुल हो चुकी है। यही आलम सम के प्रतिष्ठित रिसोर्ट के भी हैं। वहां भी दिवाली के अगले रोज यानी 25 अक्टूबर से आगामी करीब 10 दिनों तक टेंट्स लगभग फुल होने की अभी से उम्मीद है। उनके पास भी अच्छी बुकिंग आ रही है। जैसलमेर आने वाले सैलानियों में गुजरात का हिस्सा तो अच्छा खासा रहेगा ही उसके साथ बेंगलुरू, हैदराबाद, चेन्नई जैसे दक्षिणी शहरों के अलावा मुम्बई, दिल्ली, पुणे, लखनऊ, इंदौर, भोपाल, गुड़गांव, मोहाली, अमृतसर आदि पश्चिम व उत्तर भारतीय शहरों के पर्यटक भ्रमण पर आने वाले हैं। आगामी 30 अक्टूबर से विमान सेवा भी शुरू होने जा रही है। इससे लम्बी दूरी वाले स्थानों से सैलानियों की आवक सुगमतापूर्वक हो सकेगी। गुजरात का नया नहीं जैसलमेर कनेक्शन - वैसे देश के सबसे बड़े त्योहार दिवाली के मौके पर गुजरात प्रांत से हजारों की तादाद में पर्यटक जैसलमेर पहुंचते रहे हैं। यह सिलसिला अब करीब डेढ़ दशक पुराना हो चुका है। - जैसलमेर तो हालांकि पश्चिमी सीमा के अंतिम छोर पर है लेकिन गुजरात के अहमदाबाद, मेहसाणा, पालनपुर आदि शहर के नजदीकी पर्यटन स्थल के तौर पर गिना जाता है। - गुजरात के कई हिस्सों से जैसलमेर की संस्कृति भी काफी मिलती-जुलती है। विशेषकर कच्छ क्षेत्र से मरुस्थलीय भूभाग की काफी साम्यता है। - गुजरात में व्यापारी समुदाय दिवाली के अवसर पर पंच दिवसीय छुट्टियां मनाता है। ऐसे में वे लक्ष्मी पूजन करने के बाद प्राय: घूमने के लिए अपने वाहनों में बैठ कर राजस्थान के उदयपुर, माउंट आबू, श्रीनाथद्वारा, कुम्भलगढ़ आदि के साथ जैसलमेर पहुंचना पसंद करते हैं। - जैसलमेर में शांति और सुकून का वातावरण भी गुजराती सैलानियों को स्वभावत: बहुत पसंद आता है। - दिवाली के दूसरे रोज जब स्थानीय समाज गोर्वधन पूजन के बाद रामा-सामा का त्योहार मनाता है, तब गुजराती पर्यटकों का एक तरह से सैलाब स्वर्णनगरी में उमड़ता रहा है। सबसे ज्यादा भीड़ तब सुबह के समय सोनार दुर्ग और शाम में सम के मरुक्षेत्र में दिखाई देती है। सुखद भविष्य का संकेत - पिछले दिनों अक्टूबर के पहले सप्ताह में एक साथ कई सरकारी छुट्टियां आने के दौरान अच्छी संख्या में देश के दक्षिणी व पश्चिमी राज्यों से पर्यटक जैसलमेर घूमने आए। - कुछ साल पहले जैसलमेर आने वाले अधिकांश देशी सैलानी राजस्थान, गुजरात और पश्चिम बंगाल के निवासी हुआ करते थे। - अब यह सिलसिला आगे बढ़ा है। इसमें दिल्ली, मुम्बई के अलावा उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश, हरियाणा व पंजाब के साथ कर्नाटक, आंध्रप्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु व केरल तक से पर्यटक यहां आना शुरू हुए हैं। - पर्यटन क्षेत्र के जानकार मानते हैं कि विशाल भारत देश के अलग-अलग भागों से पर्यटकों के आगमन का मतलब यही है कि जैसलमेर में वर्ष पर्यंत पर्यटन की संभावनाओं को बल मिल रहा है।
(साभार : पत्रिका, राजस्थान)