बुधवार, 3 जून 2026

Delhi Malviya Nagar Fire Latest News: मालवीय नगर के होटल में भीषण आग से 21 की मौत, कई विदेशी नागरिक भी शामिल; जानिए ग्राउंड रिपोर्ट

Delhi Malviya Nagar Fire Latest News: दक्षिण दिल्ली के मालवीय नगर में एक बहुमंजिला इमारत में सुबह लगी भीषण आग में 21 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई है। जानिए क्या है पूरी घटना, बचाव कार्य के लाइव अपडेट्स और चश्मदीदों का बयान।

नई दिल्ली (नरवर समाचार डेस्क)। देश की राजधानी दिल्ली के दक्षिणी इलाके मालवीय नगर से आज सुबह एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। यहाँ के हौज रानी इलाके में स्थित एक बहुमंजिला इमारत (जिसमें 'लेमन ग्रीन रेस्टोरेंट' और 'फ्लॉरिश स्टे B&B' होटल संचालित हो रहा था) में सुबह अचानक भीषण आग लग गई। इस भीषण अग्निकांड में अब तक 21 लोगों की मौत होने की आधिकारिक पुष्टि हो चुकी है, जबकि दर्जनों लोग गंभीर रूप से झुलस गए हैं। मृतकों में कई विदेशी नागरिक (मुख्यतः अफ्रीकी और मध्य एशियाई देशों के पर्यटक) भी शामिल हैं, जो इस होटल में ठहरे हुए थे।

Delhi Malviya Nagar Fire Accident Live Updates 2026।


🚨 सुबह 8:45 बजे मची चीख-पुकार: सोते समय काल बनी आग

दिल्ली फायर सर्विस (DFS) और दिल्ली पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, नियंत्रण कक्ष को सुबह 8:48 बजे मालवीय नगर की इस इमारत में आग लगने की सूचना मिली थी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब आग लगी तो सुबह का समय होने के कारण होटल के कमरों में ठहरे ज्यादातर पर्यटक गहरी नींद में सो रहे थे。 देखते ही देखते पूरी पांच मंजिला इमारत काले और घने धुएं के गुबार में तब्दील हो गई, जिससे लोगों को बाहर निकलने का रास्ता ही नहीं मिला।

मैक्स हेल्थकेयर द्वारा जारी शुरुआती बयान के मुताबिक, आशंका जताई जा रही है कि इमारत में हुआ एक जोरदार सिलेंडर ब्लास्ट इस भीषण आग की मुख्य वजह हो सकता है। हालांकि, पुलिस और फॉरेंसिक टीमें अभी भी जांच में जुटी हैं।

🚒 दमकल की गाड़ियां और स्थानीय लोगों का रेस्क्यू ऑपरेशन

तंग गलियों और शून्य दृश्यता (Zero Visibility) के बावजूद दिल्ली फायर सर्विस की 8 से 10 गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। पुलिस, आपदा प्रबंधन (DDMA) और स्थानीय युवाओं ने मिलकर एक बड़ा संयुक्त रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया।

इमारत के भीतर से 40 से अधिक लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया है, जिन्हें तुरंत पास के एम्स (AIIMS) ट्रॉमा सेंटर, मैक्स साकेत और पंडित मदन मोहन मालवीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के मुताबिक कई घायलों की हालत नाजुक बनी हुई है, जिससे मौतों का आंकड़ा और बढ़ने की आशंका है।

🗣️ चश्मदीदों की जुबानी: "जान बचाने के लिए खिड़की से कूदे लोग"

घटनास्थल पर मौजूद एक स्थानीय निवासी ने बताया, "सुबह अचानक खिड़कियों से काला धुआं और ऊंची लपटें निकलने लगीं। अंदर फंसे लोग चिल्ला रहे थे। रास्ता ब्लॉक होने के कारण 4 से 6 लोगों ने जान बचाने के लिए तीसरी मंजिल के कांच तोड़े और नीचे छलांग लगा दी। कुछ लोगों को बचाने के लिए हम स्थानीय निवासियों ने नीचे गद्दे भी बिछाए थे।" एक अन्य महिला अपने बच्चे को गोद में लेकर तीसरी मंजिल से नीचे कूदी, जिन्हें चोटें आई हैं।

🏛️ नियमों की धज्जियां: 6 कमरों की जगह चल रहे थे 25 कमरे!

इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर दिल्ली में व्यावसायिक इमारतों के सेफ्टी ऑडिट और नियमों के उल्लंघन पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। शुरुआती जांच और स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, इस इमारत में 'लेमन ग्रीन' को केवल 6 कमरे बनाने की अनुमति (Permission) थी, लेकिन अवैध रूप से यहाँ 25 कमरे संचालित किए जा रहे थेतंग इलाका और सुरक्षा मानकों (Fire Safety Metrics) की अनदेखी इस बड़े हादसे का मुख्य कारण बनकर सामने आई है। पुलिस इस मामले में बिल्डिंग मालिक के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई और एफआईआर दर्ज करने की तैयारी में है।

✉️ पीएम मोदी और सीएम ने जताया गहरा दुख, मुआवजे का ऐलान

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस घटना को अत्यंत दुखद बताते हुए ट्वीट किया और शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) की तरफ से मृतकों के परिजनों को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से ₹2 लाख और घायलों को ₹50,000 की अनुग्रह राशि (Ex-gratia) देने की घोषणा की गई है।

वहीं दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा सहित कई बड़े नेताओं ने भी हादसे पर दुख जताते हुए घायलों के समुचित इलाज और हर संभव मदद के निर्देश जारी किए हैं।

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